शिव 🙏

शिव आदि हैं
और अनंत भी
वो मेरे मंदिर हैं और मन भी,
रूद्र काल हैं और काल का अंत भी
वो मेरे प्रिय हैं और सर्वोत्तम भी,
गौरी का अर्धांग हैं शंकर
और सृष्टि का कल्याण भी
मेरे अस्तित्व के निर्माता हैं और शरीर के प्राण भी।
✍️…Nilesh.